दिवंगत अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत पर फ्लिपकार्ट ने ऐसा कुछ छाप दिया है कि ट्विटर पर बॉयकॉट फ्लिकार्ट ट्रेंड हो रहा है. दरअसल फ्लिकार्ट पर एक टी-शर्ट आनलाईन बिक रही है जिसपर सुशांत सिंह राजपूत की फोटो लगी हुई है और साथ में अंग्रेजी में लिखा है ‘Depression is like drowning’. यानि अवसाद डूबने जैसा है. जैसे ही यह टी-शर्ट बाहर आया सुशांत सिंह राजपूत के फैंस का गुस्सा जबरदस्त भड़क गया. लोगों ने कहा कि फ्लिकार्ट को कोई हक नही कि वह सुशांत सिंह राजपूत के मौत से संबंधित कुछ भी ऐसा छापे. दरअसल लोगों ने अवसाद को सुशांत के मौत से जोड़ दिया है.
ट्विटर पर ट्रेंड हो रहा है बॉयकॉट फ्लिकार्ट
आइए पढ़ते कुछ ट्वीट जो आपको पूरे मामले को समझने में मदद करेगा. दिनेश नाम के एक ट्वीटर हैंडल से एक ट्विट किया गया जिसमें यह लिखा था कि, ‘अपने ऑनलाइन स्टोर को विकसित करने का यह सही तरीका नहीं है, पहले आप इस टी-शर्ट को बिक्री से हटा दें। दूसरी भावनाओं के साथ मत खेलो.’ अंत में हैशटैग बॉयकॉट फ्लिकार्ट.
हाशी नाक के एक व्यक्ति ने ट्वीट लिखा कि, ‘सच, सच है और इसे सामने आना चाहिए। आप सच्चाई को छुपा नहीं सकते। आप सच्चाई को संभाल नहीं सकते! सुशांत पर हमले बंद करो! करमा देखेंगे और हम अपने एसएसआर के साथ खड़े होंगे!’
कोयल सिन्हा ने ट्वीट किया कि, ‘अब यह बकवास क्या है फ्लिपकार्ट ? एक मृत आत्मा को खींचना और विशिष्ट तस्वीर को “अवसाद” के रूप में लेबल करना !!! ये कैसी सस्ती मार्केटिंग है?’
सोमा दत्ता ने लिखा कि, ‘कोई इतना सस्ता धंधा करने का दुस्साहस कैसे कर सकता है..? एक मृत व्यक्ति को गलत, भ्रामक और उदास होने के आरोपों को बदनाम करने के साथ टैग कर रहा है .. !! अभी अपने स्टाक से यह उत्पाद निकालें.’
कश्यप नाम के एक व्यक्ति ने ट्वीट किया कि,’सुशांत की दुखद मौत के सदमे से अभी देश बाहर नहीं निकला है. हम न्याय के लिए आवाज उठाते रहेंगे.. फ्लिपकार्ट को इस जघन्य कृत्य पर शर्म आनी चाहिए और माफी मांगनी चाहिए कि ऐसी घटना दोबारा नहीं होगी.’
लोगों ने पूछा अवसाद के लिए दीपिका का फोटो क्यों नही लगाया
दीपिका पादुकोण भी एक समय अवसाद की शिकार हो चुकी हैं. साल 2015 में जब उनकी फिल्म पद्मावत रीलीज हुई थी तो उन्होंने इस पर खुल कर बात की थी. इस बात को याद दिलाते हुए लोगों ने फ्लिकार्ट से सवाल पूछा कि जब भी बात अवसाद की होती है तो आपको सुशांत सिंह राजपूत की ही क्यों याद आती है आप दीपिका पादुकोण के फोटो का भी इस्तेमाल कर सकते थे. इस पर एक यूजर ने लिखा की, ‘आप डिप्रेशन संदेश के लिए दीपिका पादुकोण के फोटो का उपयोग क्यों नहीं करते. उसने खुद कई बार अवसाद में होना स्वीकार किया. सुशांत सिंह राजपूत ने कभी नहीं कहा कि वह उदास था और न ही अब अपना बचाव कर सकता है. इसलिए अपने व्यवसाय के लिए उनके नाम का उपयोग करना बंद करें.
सुशांत का केस कहाँ तक पहुंचा
आज से दो साल पहले 14 जून 2020 को बॉलीवुड के धोनी सुशांत सिंह राजपूत ने इस दुनिया को छोड़कर हमेशा-हमेशा के लिए विदा ले लिया था. जिस हालत में सुशांत का शव मिला उससे साफ जाहिर होता था कि सुशांत सिंह राजपूत ने सुसाइड यानि आत्महत्या किया है. बात धीरे-धीरे खुली तो पता लगा कि पिछले कुछ फिल्मों को न कर पाने का मलाल सुशांत को था. फैंस ने आरोप लगाया कि सुशांत सिंह राजपूत आउटसाईडर था इसलिए जानबूझकर बॉलीवुड के नेपोटिस्जम गैंग ने उसे फिल्मों ने निकाल दिया. फिर बात आई ड्रग्स की. रिया चक्रवर्ती को भी निशाने पर लिया गया. आरोप था कि रिया सुशांत को ड्रग्स देती थी. केस सीबीआई को सौंपा गया, दो साल हो गए लेकिन फैसला अभी भी नही आया है. कुछ का कहना है कि इस मामले में बड़े हाथ थे. कुछ जगहों पर महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री के बेटे आदित्य ठाकरे का भी नाम लिया गया. सुशांत सिंह राजपूत के नाम पर राजनीति भी खुब हुई. नितीश कुमार ने बयान भी दिया था बिहार और बिहार की पुलिस इसमें हर तरह से जुड़ी रहेगी. वह सन्नी देओल का डायलॉग है न तारीख पर तारीख पर तारीख पर तारीख मिलता रहा है माई लार्ड मगर नही मिला तो इन्साफ. वही हाल सुशांत के केस में हुआ सरकार हो चाहे सीबीआई सबने बस फैंस को तारीख दी है नही दिया है तो इन्साफ. देखना होगा कब सुशांत सिंह राजपूत के मामले पर आखिरी निर्णय आयेगा