Saturday, March 21, 2026
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मोदी बोले- MVA झूठ फैला रहा है:महाराष्ट्र के भाजपा कार्यकर्ताओं से कहा- एक हैं तो सेफ हैं का नारा जन-जन तक पहुंचाना है

महाराष्ट्र के विधानसभा चुनाव की वोटिंग से 4 दिन पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भाजपा कार्यकर्ताओं से कहा- एक हैं तो सेफ हैं जन-जन तक पहुंचाना है। महाविकास अघाड़ी महाराष्ट्र में झूठ फैला रही है। भाजपा के ‘मेरा बूथ सबसे मजबूत’ कार्यक्रम में मोदी वर्चुअल माध्यम से हिस्सा लिया। उन्होंने भाजपा के बूथ कार्यकर्ताओं से कहा- महाराष्ट्र में भाजपा शासित महायुति मराठाओं के गौरव को बढ़ाने का काम कर रही है। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए सभी 288 विधानसभा सीटों पर सिंगल फेज में 20 नवंबर को वोटिंग है। इसके नतीजे 23 नवंबर को आएंगे। भाजपा महायुति गंठबंधन में सबसे ज्यादा सीटों पर चुनाव लड़ रही है। पार्टी ने 148 उम्मीदवार घोषित किए हैं। पीएम की महाराष्ट्र में पिछली रैलियों के भाषण पढ़ें…. 14 नवंबर: PM बोले- महायुति में ही महाराष्ट्र की तरक्की, कांग्रेस के समय आतंकी घटनाएं होती थीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा- मुंबई ने लंबे समय तक आतंकवाद का दर्द सहा है। आतंकी हमलों से मिले जख्मों को लोग अब तक भूले नहीं हैं। लेकिन पिछले कुछ साल में लोगों के मन में सुरक्षा का भाव आया है। कांग्रेस सरकार के समय मुंबई समेत देशभर में आतंकी घटनाएं होती रहती थी। पूरी खबर पढ़ें… 12 नवंबर: पीएम बोले- कांग्रेस और उसके साथियों ने सिर्फ खूनी खेल दिए पीएम मोदी की 12 नवंबर को चंद्रपुर के चिमूर में जनसभा हुई थी। उन्होंने यहां कहा था- कांग्रेस और महाविकास अघाड़ी वाले देश को पीछे करने का और कमजोर करने का कोई मौका नहीं छोड़ते। कांग्रेस और उसके साथियों ने आपको सिर्फ खूनी खेल दिए हैं। ये हमारी सरकार है जिसने नक्सलवाद पर लगाम लगाई। पूरी खबर पढ़ें… 9 नवंबर: हिमाचल-तेलंगाना, कर्नाटक कांग्रेस के शाही परिवार के ATM अकोला की रैली में 9 नवंबर को PM के निशाने पर कांग्रेस रही। उद्धव ठाकरे और शरद पवार के बारे में एक शब्द नहीं बोला। उन्होंने कहा- जम्मू-कश्मीर विधानसभा में आर्टिकल 370 की वापसी की मांग हो रही है। कांग्रेस और उसके सहयोगी इसका समर्थन करते हैं। पाकिस्तान भी यही चाहता है। पूरी खबर पढ़ें… 8 नवंबर: पीएम बोले- कांग्रेस ने सावरकर का अपमान किया PM मोदी ने 8 नवबंर को नासिक में एक रैली में कांग्रेस पर सावरकर और बाला साहेब ठाकरे के अपमान का आरोप लगाया था। PM ने कहा था कि महाराष्ट्र की राजनीति में बाला साहब ठाकरे का योगदान अतुलनीय है, लेकिन कांग्रेस नेताओं के मुंह से बाला साहब ठाकरे की प्रशंसा में एक शब्द नहीं निकलता है। पूरी खबर पढ़ें… 2019 की तुलना में भाजपा कम सीटों पर लड़ रही
2019 के विधानसभा चुनाव की तुलना में भाजपा इस बार कम सीटों पर लड़ रही है। भाजपा ने पिछली बार 164 सीटों पर अपने प्रत्याशी उतारे थे। इस बार 16 उम्मीदवार कम उतारे हैं। भाजपा ने 148, शिंदे गुट ने 80, अजित गुट ने 53 उम्मीदवार उतारे हैं। शिवसेना और NCP में बंटवारे के बाद यह पहला विधानसभा चुनाव है। पिछले चुनाव में शिवसेना (अविभाजित) और NCP (अविभाजित) 124-124 सीटों पर लड़ी थीं। इन सबके अलावा इस बार महायुति ने 5 सीटें सहयोगी पार्टियों के लिए छोड़ी हैं। भाजपा बोली- CM पर फैसला चुनाव के बाद होगा
मुख्यमंत्री के रूप में देखे जाने पर डिप्टी CM देवेंद्र फडणवीस ने करीब एक हफ्ते पहले कहा था कि लोग उन्हें मुख्यमंत्री के रूप में देख रहे हैं तो यह समस्या नहीं है, समाधान है। हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि वे CM बनने जा रहे हैं। महायुति को मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित करने की जरूरत नहीं है, क्योंकि एकनाथ शिंदे मौजूदा मुख्यमंत्री हैं। चुनाव के बाद मुख्यमंत्री कौन बनेगा, इसकी घोषणा की जाएगी। शिवसेना प्रमुख CM एकनाथ शिंदे, NCP प्रमुख अजीत पवार और भाजपा का संसदीय बोर्ड तय करेगा कि महाराष्ट्र का मुख्यमंत्री कौन होगा। महायुति भ्रमित नहीं हैं, समस्या महाविकास अघाड़ी (MVA) में है। चेहरे का सवाल उनके लिए है, महायुति के लिए नहीं। MVA मुख्यमंत्री के चेहरे की घोषणा नहीं कर रहा है क्योंकि वे जानते हैं कि चुनाव के बाद उनका CM आ सकता है। महाराष्ट्र के राजनीतिक समीकरण पर एक नजर… लोकसभा चुनाव में भाजपा 23 से 9 सीटों पर सिमटी
लोकसभा चुनाव में महाराष्ट्र की 48 सीटों में से INDIA गठबंधन को 30 और NDA को 17 सीटें मिलीं।। इनमें भाजपा को 9, शिवसेना को 7 और NCP को सिर्फ 1 सीट मिली थी। भाजपा को 23 सीटों का नुकसान हुआ। 2019 के लोकसभा चुनाव से NDA को 41 जबकि 2014 में 42 सीटें मिली थीं। लोकसभा चुनाव के हिसाब से भाजपा को नुकसान का अनुमान
महाराष्ट्र के विधानसभा चुनाव में भी अगर लोकसभा चुनाव जैसा ट्रेंड रहा तो भाजपा को नुकसान होगा। भाजपा 60 सीटों के आसपास सिमटकर रह जाएगी। वहीं, विपक्षी गठबंधन के सर्वे में MVA को 160 सीटें मिलने का अनुमान जताया गया है। भाजपा के लिए मराठा आंदोलन सबसे बड़ी चुनौती है। इसके अलावा शिवसेना और NCP में तोड़फोड़ के बाद उद्धव ठाकरे और शरद पवार के साथ लोगों की सिम्पैथी है। ……………………………………………… महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… 5 साल में 3 सरकारों का रिपोर्ट कार्ड; 3 बड़े प्रोजेक्ट गंवाए, 7.83 लाख करोड़ रुपए का कर्ज 5 साल, 3 मुख्यमंत्री और 3 अलग-अलग सरकारें। महाराष्ट्र में 2019 के विधानसभा चुनाव के बाद 5 साल सियासी उठापठक चलती रही। अब फिर से विधानसभा चुनाव हो रहे हैं। चुनाव से पहले दैनिक भास्कर की टीम महाराष्ट्र पहुंची और पिछले 5 साल का लेखा-जोखा जाना। पूरी खबर पढ़ें…

CG-महाराष्ट्र बॉर्डर पर मुठभेड़, 3 नक्सली ढेर:नक्सली लीडर अभय को घेरने निकली 2 राज्यों की फोर्स; सुबह से हो रही फायरिंग

छत्तीसगढ़ के कांकेर और नारायणपुर की सरहद से लगे महाराष्ट्र बॉर्डर पर पुलिस और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ चल रही है। दोनों तरफ से हो रही गोलीबारी में 3 नक्सली मारे गए हैं। कुछ नक्सली घायल भी हुए हैं। कांकेर SP आईके एलेसेला ने इसकी पुष्टि की है। बस्तर के लगभग सभी जिलों के DRG जवान और महाराष्ट्र के C-60 कमांडोज नक्सल संगठन के सेंट्रल कमेटी मेंबर अभय को घेरने बड़ा ऑपरेशन लॉन्च किया है। सुबह 8 बजे से रुक-रुककर हो रही फायरिंग नारायणपुर और कांकेर से लगे उत्तरी अबूझमाड़ में नक्सलियों की मौजूदगी की सूचना पर डीआरजी, एसटीएफ, बीएसएफ की संयुक्त टीम को रवाना किया गया था, सुबह 8 बजे से यह मुठभेड़ शुरू हुई थी, करीब 3 घंटे से रुक-रुककर फायरिंग हो रही है। वहीं नक्सली इस इलाके से महाराष्ट्र की ओर भाग न जाए इसके लिए कांकेर जिले से लगे गढ़चिरौली इलाके में सी-60 कमांडो को तैनात किया गया है। नक्सली लीडर अभय समेत बड़ी संख्या में नक्सली मौजूद जानकारी के मुताबिक, पुलिस को पुख्ता सूचना मिली थी कि कांकेर और नारायणपुर जिले की सरहद से लगे महाराष्ट्र बॉर्डर पर नक्सली लीडर अभय समेत बड़ी संख्या में नक्सली मौजूद हैं। जिसके बाद फोर्स को रवाना किया गया था। शनिवार सुबह अबूझमाड़ के जंगल में दोनों राज्यों की पुलिस फोर्स नक्सलियों के ठिकाने पर पहुंची तो नक्सलियों ने जवानों पर गोलीबारी शुरू कर दी। सुरक्षाबलों ने 31 नक्सली मार गिराए एक महीने पहले दंतेवाड़ा-नारायणपुर जिले के बॉर्डर 31 नक्सलियों को सुरक्षाबलों ने मार गिराया था। इसे प्रदेश का सबसे बड़ा एंटी नक्सल ऑपरेशन बताया गया। पुलिस ने 31 नक्सलियों के शव बरामद होने की पुष्टि भी की है। ओरछा थाना इलाके के नेंदुर और थुलथुली गांव के बीच जंगल में 2 घंटे फायरिंग हुई। फायरिंग रुकने के बाद सर्च ऑपरेशन चलाया गया। जवानों ने नक्सलियों के शव के साथ AK-47, एसएलआर जैसे हथियार बरामद किए हैं। यहां पढ़ें पूरी खबर ………………….. नक्सली मुठभेड़ से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें 309 दिन में 10 करोड़ के 189 नक्सली ढेर:छत्तीसगढ़ में 96 मुठभेड़, 5 बड़े कैडर भी मारे; AK-47, SLR, इंसास जैसे 207 हथियार बरामद छत्तीसगढ़ के बस्तर में इस साल 1 जनवरी से 5 नवंबर तक पुलिस और नक्सलियों के बीच कुल 96 मुठभेड़ हुई है। इन 309 दिनों में अलग-अलग जिलों में हुई मुठभेड़ में पुलिस ने 9 करोड़ 72 लाख रुपए के कुल 189 नक्सलियों को ढेर किया है। इनमें 5 DKSZC (दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी) कैडर के भी नक्सली शामिल हैं। यहां पढ़ें पूरी खबर

प्रैक्टिस मैच में फेल हुए विराट, भारतीय टीम की खबरें, क्या शमी रणजी में बंगाल को जिताएंगे? आखिरी दिन का खेल

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ऑस्ट्रेलिया में प्रैक्टिस मैच में पहले दिन कोहली, पंत, यशवीरा को नहीं मिला रन ऑस्ट्रेलिया से सभी समाचार. रणजी में बंगाल-मध्यप्रदेश मैच के आखिरी दिन का खेल. ऑस्ट्रेलिया-पाकिस्तान के बीच दूसरा टी20 मैच है, यूईएफए नेशंस लीग के नौ मैच हैं. ऑस्ट्रेलिया में प्रैक्टिस मैच के पहले दिन विराट कोहली, ऋषभ पंत, यशस्वी जयसवाल को रन नहीं मिला. ऑस्ट्रेलिया से सभी समाचार. रणजी में बंगाल बनाम मध्य प्रदेश मैच पर रोक लग गई है. मोहम्मद शमी दिला सकते हैं बंगाल को जीत? आज खेल का आखिरी दिन है. ऑस्ट्रेलिया बनाम पाकिस्तान दूसरा टी20 मैच है, यूईएफए नेशंस लीग फुटबॉल के नौ मैच हैं।

प्रैक्टिस मैच में कोहली, पंत समेत भारतीय टीम की सारी खबरें फेल!

भारत ऑस्ट्रेलिया में प्रैक्टिस मैच खेल रहा है. पहले दिन विराट कोहली, ऋषभ पंत, यशस्वी जयसवाल के बल्ले से रन नहीं निकले. कोहली और यशस्वी ने 15 रन बनाए. पंथ 19. कोहली की वापसी बंगाल के मुकेश कुमार ने की. ऑस्ट्रेलिया से सभी समाचार.

बंगाल का रणजी ट्रॉफी मैच ख़त्म, क्या वो मध्य प्रदेश को हरा पाएंगे? बंगाल-मध्य प्रदेश रणजी ट्रॉफी मैच पर भरोसा मोहम्मद शमी ने जमा दिया है. आखिरी दिन मध्य प्रदेश को जीत के लिए 188 रन और चाहिए, बंगाल को 7 विकेट चाहिए. क्या पहली पारी में चार विकेट लेने वाले मोहम्मद शमी इस पारी में भी चमक दिखा पाएंगे? आखिरी दिन का खेल सुबह 9:30 बजे शुरू होगा.

ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ पाकिस्तान की टी20 सीरीज बचाने का मैच

ऑस्ट्रेलिया को वनडे सीरीज में हराने के बावजूद पाकिस्तान टी20 सीरीज में मुश्किल में है. मोहम्मद रिजवान-बाबर अजमेरा को पहले मैच में हार मिली थी. आज दूसरा मैच दोपहर 1:30 बजे से है. यह मैच हारने पर पाकिस्तान सीरीज हार जाएगा। यह गेम स्टार स्पोर्ट्स चैनल और हॉटस्टार ऐप पर देखा जा सकेगा।

यूईएफए नेशंस लीग फुटबॉल में जर्मनी, नीदरलैंड का मैच

यूईएफए नेशंस लीग फुटबॉल में आज भी नौ मैच बाकी हैं। आज बड़ी टीमों में जर्मनी, नीदरलैंड्स हैं। जर्मनी बोस्निया और हर्जेगोविना से खेलेगा। नीदरलैंड का मुकाबला हंगरी से। दोनों मैच दोपहर 1:15 बजे से हैं. वहीं अल्बानिया-चेक गणराज्य और स्वीडन-स्लोवाकिया मैच भी हैं। उससे पहले रात 10:30 बजे से जॉर्जिया-यूक्रेन, अंडोरा-मोल्दोवा, मोंटेनेग्रो-आइसलैंड, तुर्किये-वेल्स के मैच हैं। अजरबैजान-एस्टोनिया मैच शाम 7:30 बजे से। गेम को सोनी स्पोर्ट्स चैनल और सोनी लिव ऐप पर देखा जा सकता है।

भारत ने ऑस्ट्रेलिया में आपस में अभ्यास मैच खेलने का फैसला किया है, सभी खबरें, रणजी, ब्राजील मैच
भारत ने वॉर्म-अप मैच खेलने का फैसला किया. कोहली आपस में मैच खेलकर पहले टेस्ट की तैयारी करेंगे. भारतीय टीम समाचार. रणजी में दूसरे दिन का खेल. नेशंस लीग, ब्राज़ील के विश्व कप क्वालीफायर में आठ मैच हैं। भारत ने आख़िरकार अभ्यास मैच खेलने का फ़ैसला किया. लेकिन कोई प्रतिद्वंद्वी नहीं है. विराट कोहली, यशप्रित बुमरा आपस में मैच खेलकर करेंगे पहले टेस्ट की तैयारी. सभी भारतीय टीम समाचार।

रणजी के पहले दिन दबाव में बंगाल. बंगाल की पारी 228 रन पर समाप्त हुई. जवाब में दिन का खेल खत्म होने तक मध्य प्रदेश ने 1 विकेट पर 103 रन बना लिए हैं. मोहम्मद शमी को एक भी विकेट नहीं मिला. आज खेल का दूसरा दिन है. यूईएफए नेशंस लीग में आठ मैच होते हैं। इटली, इंग्लैंड, फ्रांस खेलेंगे. ब्राजील का वर्ल्ड कप क्वालीफाइंग मैच है.

कोहली आपस में खेलेंगे प्रैक्टिस मैच, तमाम खबरें

भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया में भारतीय टीम के साथ होने वाला वार्मअप मैच रद्द कर दिया है. अब सुनने में आ रहा है कि जहां पहला टेस्ट होगा, वहां विराट कोहली आपस में प्रैक्टिस मैच खेलेंगे. भारतीय क्रिकेट बोर्ड उस मैच में दर्शक नहीं चाहता. खेल कल से शुरू होने वाला है. सभी भारतीय टीम समाचार।

मोहम्मद शमीर ने रणजी के पहले दिन 10 ओवर फेंके और एक भी विकेट नहीं लिया, क्या दूसरे दिन सफल होंगे? रणजी ट्रॉफी के पहले दिन दबाव में बंगाल. बंगाल की पारी 228 रन पर समाप्त हुई. जवाब में दिन का खेल खत्म होने तक मध्य प्रदेश ने 1 विकेट पर 103 रन बना लिए हैं. मोहम्मद शमी करीब एक साल बाद मैदान पर लौटे हैं. 10 ओवर में 34 रन देकर उन्हें कोई विकेट नहीं मिला. आज दूसरे दिन का खेल सुबह 9:30 बजे से शुरू होगा.

विश्व कप क्वालीफाइंग मैच ब्राजील बनाम वेनेजुएला

ब्राजील आज विश्व कप के क्वालीफाइंग दौर में खेलने जा रहा है। वेनेजुएला के खिलाफ. पांच बार की विश्व चैंपियन 10 मैचों में 16 अंकों के साथ चौथे स्थान पर है। लैटिन अमेरिकी समूह की 10 टीमों में से शीर्ष छह टीमें 2026 विश्व कप के मुख्य चरण के लिए सीधे क्वालीफाई करेंगी। दोपहर 2:30 बजे से खेलें

यूईएफए नेशंस लीग फुटबॉल में इटली, इंग्लैंड, फ्रांस का मैच

यूरोपीय फ़ुटबॉल में नेशंस लीग में आज आठ मैच हैं। इटली, इंग्लैंड, फ्रांस खेलेंगे. इंग्लैंड के सामने ग्रीस. इटली बेल्जियम के साथ खेलेगा. फ्रांस का सामना इजराइल से है. तीनों मैच दोपहर 1:15 बजे से। वहीं आयरलैंड-फिनलैंड, स्लोवेनिया-नॉर्वे, नॉर्थ मैसेडोनिया-लातविया के मैच हैं। उससे पहले रात 8:30 बजे से कजाकिस्तान-ऑस्ट्रिया का मैच और रात 10:30 बजे से आर्मेनिया-फरो आइलैंड का मैच है. सभी गेम सोनी लिव ऐप पर देखे जा सकते हैं।

यूरोपीय फ़ुटबॉल में नेशंस लीग में आज आठ मैच हैं। इटली, इंग्लैंड, फ्रांस खेलेंगे. इंग्लैंड के सामने ग्रीस. इटली बेल्जियम के साथ खेलेगा. फ्रांस का सामना इजराइल से है. तीनों मैच दोपहर 1:15 बजे से। वहीं आयरलैंड-फिनलैंड, स्लोवेनिया-नॉर्वे, नॉर्थ मैसेडोनिया-लातविया के मैच हैं। उससे पहले रात 8:30 बजे से कजाकिस्तान-ऑस्ट्रिया का मैच और रात 10:30 बजे से आर्मेनिया-फरो आइलैंड का मैच है. सभी गेम सोनी लिव ऐप पर देखे जा सकते हैं।

ईरान के राजदूत से मिले एलन मस्क, युद्ध के माहौल में डोनाल्ड ट्रंप की ओर से क्या दिया संदेश?

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ट्रंप खेमे ने बांग्लादेश को लेकर जताई चिंता बांग्लादेश को लेकर अमेरिका की बाइडेन सरकार और ट्रंप के बीच गंभीर मतभेद का मामला सामने आया है. शेख हसीना ने आरोप लगाया कि यह बिडेन प्रशासन ही था जिसने तख्तापलट कर बांग्लादेश की अवामी लीग सरकार को गिरा दिया। भावी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के खेमे ने बांग्लादेश में मुहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार के दौरान चरमपंथ के बढ़ने और अल्पसंख्यकों पर अत्याचार को लेकर एक बार फिर गहरी चिंता जताई है. दक्षिण एशिया की प्रभारी व्हाइट हाउस की पहली अधिकारी लिसा कर्टिस ने टिप्पणी की कि शेख हसीना के निष्कासन ने बांग्लादेश को “महत्वपूर्ण मोड़ पर खड़ा कर दिया है जो उनके भविष्य का निर्धारण करेगा”। समाचार एजेंसी पीटीआई को दिए एक इंटरव्यू में कर्टिस ने यह भी कहा कि शेख हसीना ने चरमपंथियों, कट्टरपंथियों और उग्रवादियों को नियंत्रित करने में ‘सराहनीय’ काम किया है.

बांग्लादेश को लेकर अमेरिका की बाइडेन सरकार और ट्रंप के बीच गंभीर मतभेद का मामला सामने आया है. शेख हसीना ने आरोप लगाया कि यह बिडेन प्रशासन ही था जिसने तख्तापलट कर बांग्लादेश की अवामी लीग सरकार को गिरा दिया। हसीना के दावे के मुताबिक, सेंट मार्टिन द्वीप छोड़ने से इनकार करने के बाद बिडेन प्रशासन के दक्षिण एशियाई मामलों के अधिकारी डोनाल्ड लू ने उन्हें बेदखल करने की योजना बनाई। ढाका में नई अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मुहम्मद यूनुस के साथ बिडेन प्रशासन की निकटता काफी है। लेकिन राष्ट्रपति चुनाव से ठीक पहले एक दिवाली संदेश में ट्रंप ने बांग्लादेश में हाल ही में “हिंदुओं, बौद्धों, ईसाइयों जैसे धार्मिक अल्पसंख्यकों की हत्याओं और यातनाओं” का जिक्र करते हुए चिंता व्यक्त की। इसके बाद उन्होंने इस स्थिति के लिए बिडेन को जिम्मेदार ठहराया। बांग्लादेश के राजनीतिक खेमे का एक हिस्सा ट्रंप की इस टिप्पणी को अहम मानता है, क्योंकि उनके मुताबिक उन्होंने बांग्लादेश के हालात के लिए बाइडन को जिम्मेदार ठहराते हुए ढाका में सत्ता परिवर्तन की नीति की आलोचना की है.

ट्रंप की करीबी मानी जाने वाली लिसा कर्टिस ने इस दिन कहा, ”ऐसा कहा गया था कि शेख हसीना के तख्तापलट के बाद बांग्लादेश में लोकतांत्रिक प्रक्रिया मजबूत होगी. लेकिन अब स्थिति बेहद चिंताजनक है. कई उग्रवादी नेताओं को जेल से रिहा किया गया है. हिंदुओं, बौद्धों, ईसाइयों पर हमले हो रहे हैं।” 2017 से 2021 तक राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद में दक्षिण और मध्य एशिया के निदेशक के रूप में कार्य करने वाले कर्टिस ने कहा, “बांग्लादेश में आतंकवादी हमलों का इतिहास रहा है।” 2016 में होली आर्टिसन पर हुआ हमला एक भयावह घटना थी. इस देश में कुछ आईएस प्रभावित ताकतें हैं. हसीना ने उग्रवादी ताकतों पर काबू पाने में सराहनीय काम किया. राजनीतिक क्षेत्र में इस शक्ति की वापसी वास्तव में चिंताजनक है।” कर्टिस के मुताबिक यह घटना किसी के लिए भी अच्छी नहीं हो सकती. उन्होंने कहा, ”बांग्लादेश एक महत्वपूर्ण समय पर खड़ा है. हालाँकि यह प्राथमिकता में सबसे ऊपर नहीं है, लेकिन आने वाले राष्ट्रपति ट्रम्प की राष्ट्रीय सुरक्षा टीम बांग्लादेश को काफी महत्व देगी।

ब्रुसेल्स स्थित इंटरनेशनल क्राइसिस ग्रुप ने अंतरिम सरकार के 100 दिन के प्रदर्शन पर एक रिपोर्ट प्रकाशित की है। कहा गया है कि शेख हसीना की सरकार लंबे समय तक सत्ता बरकरार रखने के लिए बंटी हुई थी. उनके निष्कासन के बाद यूनुस सरकार पर देश की जनता की अपार उम्मीदों का दबाव बढ़ गया. हालाँकि, राजनीति, अर्थव्यवस्था, चुनाव प्रणाली और भ्रष्टाचार की रोकथाम जैसे क्षेत्रों में सुधार के अवसर हैं। लेकिन इस रिपोर्ट में कहा गया है, नई सरकार के लिए इस मौके का फायदा उठाना बहुत मुश्किल है.

इस दिन सबसे बड़ी सरकार समर्थक पार्टी बीएनपी के एक समूह ने ढाका में अमेरिकी राजदूत मेगन बोल्डिन से मुलाकात की. माना जा रहा है कि यह कदम ट्रंप प्रशासन का विश्वास हासिल करने के लिए है

डोनाल्ड ट्रंप के ‘दूत’ एलन मस्क ने संयुक्त राष्ट्र में ईरान के राजदूत अमीर सईद इरावानी से मुलाकात की. इजरायल-ईरान संघर्ष ने पश्चिम एशिया में युद्ध की स्थिति पैदा कर दी है। इस माहौल में राजनयिक पर्यवेक्षकों का एक समूह मास्क और सईद की मुलाकात को ”महत्वपूर्ण” मान रहा है.

अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के प्रचार अभियान में ट्रंप के साथी उनके अरबपति दोस्त मस्क थे. जीत के बाद ट्रंप ने फ्लोरिडा में अपने विजय भाषण में मस्क को अलग से धन्यवाद दिया. अगले अमेरिकी राष्ट्रपति ने पहले ही ‘सरकारी दक्षता विभाग’ (डीओजे) नामक एक नए मंत्रालय के निर्माण की घोषणा कर दी है। उन्हें टेस्ला का एक्स हैंडल और मालिक नियुक्त किया गया है। ट्रंप ने अपने चुनाव अभियान के दौरान बार-बार वादा किया था कि अगर वह दूसरे कार्यकाल के लिए व्हाइट हाउस में प्रवेश करते हैं, तो वह रूस-यूक्रेन युद्ध को समाप्त करने के साथ-साथ पश्चिम एशिया में शांति बहाल करने के लिए सक्रिय होंगे। अमेरिकी प्रेस का एक हिस्सा सोचता है कि मस्क की ईरानी दूत से मुलाकात उस वादे के कार्यान्वयन की दिशा में एक कदम है। हालाँकि, रिपब्लिकन पार्टी के कुछ नेता अभी भी खुलेआम ईरान विरोधी हैं। राष्ट्रपति के रूप में अपने पहले कार्यकाल के दौरान ट्रम्प ने तेहरान पर दबाव बनाने की नीति भी अपनाई। उन्होंने कई आर्थिक प्रतिबंध जारी किये। उन्होंने बदलते हालात में रणनीति बदलने का संदेश दिया? हालाँकि, गुरुवार रात की बैठक के बारे में किसी भी दल ने आधिकारिक तौर पर कुछ भी घोषित नहीं किया।

पंजाब के CM भगवंत मान बने सिंगर,VIDEO:कलाकार फ्रेंड संग गाया ‘मघदा रहीं वे सूरजा..’; दोनों पंजाबी इंडस्ट्री में साथ काम कर चुके

पंजाब के 4 विधानसभा हलकों में उपचुनाव हो रहे हैं। इन्हें लेकर जारी चुनाव प्रचार के बीच गुरुवार को CM भगवंत मान होशियारपुर के जोन यूथ फेस्टिवल में पहुंचे। इस दौरान CM मान और आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता व कलाकार करमजीत अनमोल गाना गाते नजर आए। यह पल इसलिए भी खास था, क्योंकि दोनों नेता पॉलीवुड में रह चुके हैं और दोनों ही कॉमेडियन थे। CM मान और करमजीत अनमोल के गाना गाने का वीडियो अब सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। इसे CM मान ने भी शेयर किया। CM मान और करमजीत अनमोल ने तूं मघदा रहीं वे सूरजा कमीयां दे वेहड़े गाना गया। यह पंजाब का एक पुराना लोकगीत है। गाने में पंजाब की सभ्यता के बारे में बताया गया है। दोनों नेताओं ने राग लगाकर यह गाना गाया और बाद में लोगों ने इसकी प्रशंसा भी की। कौन हैं करमजीत अनमोल, जो CM मान के इतने करीब हैं
AAP ने लोकसभा चुनाव में फरीदकोट सीट से करमजीत अनमोल को उम्मीदवार घोषित किया था। हालांकि, उन्हें आजाद उम्मीदवार खालिस्तान समर्थक सर्बजीत सिंह खालसा ने हरा दिया था। करमजीत सिंह अनमोल और CM भगवंत मान एक साथ काम कर चुके हैं। इसलिए दोनों काफी करीबी दोस्त हैं। करमजीत अनमोल का पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री में बड़ा नाम है। करमजीत अनमोल ने पंजाब में कई सुपरहिट फिल्में की हैं। इनमें कैरी ऑन जट्टा 3, जी वाइफ जी, मां दा शोना, हनीमून, तेरी-मेरी गल बन गई जैसी फिल्में शामिल हैं। करमजीत अनमोल मूल रूप से संगरूर के रहने वाले हैं। उनका जन्म 1972 में हुआ था। पहले वह केवल कॉमेडी ही करते थे, लेकिन उन्हें गाना गाने का भी काफी शौक है। वह पंजाबी लोक गायक कुलदीप मानक के भतीजे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, करमजीत ने 6 साल की उम्र से ही गाने का प्रशिक्षण लेना शुरू कर दिया था। इसके अलावा उन्हें मिमिक्री का काफी शौक रहा है। करमजीत अनमोल की पढ़ाई भी उसी कॉलेज से हुई है, जहां से CM मान पढ़े हैं। दोनों साथ थिएटर भी करते थे। CM भगवंत मान का पॉडीवुड का करियर… कॉलेज के दौरान कलाकार बने मान
भगवंत मान का जन्म 17 अक्टूबर 1973 को पंजाब के संगरूर जिले के सतौज गांव में हुआ। स्कूली पढ़ाई गांव के स्कूल से की। 11वीं में सुनाम के शहीद ऊधम सिंह कॉलेज में दाखिला लिया था। इसी दौरान मान ने कलाकारी की दुनिया में कदम रखा। वह कॉलेज के मंचों पर हास्य कलाकार की भूमिका निभाने लगे थे। शुरुआत में मान मंच पर टीवी एंकर की नकल करते थे। धीरे-धीरे मान कॉलेज यूथ फेस्टिवल में हिस्सा लेने लगे। इससे उन्हें प्रसिद्धि मिलनी शुरू हो गई। उन्होंने 2 बार पंजाबी यूनिवर्सिटी में गोल्ड मेडल जीता। इसके बाद मान ने अपने साथी कलाकार जगतार जग्गी के साथ जोड़ी बनाई। हास्य कलाकार के रूप में बनाई पहचान
पंजाब में कई कॉमेडी शो करने के बाद CM मान ने 2008 में स्टार प्लस पर ग्रेट इंडियन लाफ्टर चैलेंज में हिस्सा लिया। इसके बाद उन्होंने पूरे देश में हास्य कलाकार के रूप में अपनी पहचान बना ली। बता दें कि मान नेशनल अवॉर्डी फिल्म मैं मां पंजाब की में भी काम कर चुके हैं। इसके बाद CM मान ने 2014 में AAP से पहला लोकसभा चुनाव लड़ा। इसमें उन्होंने 2,11,721 मतों से जीत हासिल की थी। 2019 लोकसभा चुनाव में मान ने 1,11,111 मतों से जीत हासिल की थी। 2022 विधानसभा चुनाव में वह धूरी सीट से चुनाव लड़े। 58,206 मतों से जीत हासिल की और राज्य के CM बने। ————————- भगवंत मान की गायिकी से संबंधित यह खबर भी पढ़ें… पंजाब CM ने गाया गीत:गाड़ी में ‘सोने दे कंगणा’ सॉन्ग गाते नजर आए, साथ बैठे बॉलीवुड सिंगर सुखविंदर सिंह ने की तारीफ पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने एक बार फिर एक आर्टिस्ट के रूप में लोगों का ध्यान खींचा है। इस बार उन्होंने पुराना पंजाबी गाना ‘सोने दे कंगणा’ गाया। भगवंत मान जब अपनी गाड़ी में बैठकर ये गीत गा रहे थे, उस समय उनकी गाड़ी में बॉलीवुड के मशहूर सिंगर सुखविंदर सिंह भी मौजूद थे। उन्होंने गाने के बाद CM मान की आवाज की तारीफ की। पूरी खबर पढ़ें…

संजय, तिलकेरा ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ बनाए बेहतरीन रन

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संजू सैमसन और तिलक वर्मा ने एक साथ कई रिकॉर्ड बनाए। भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए अपनी शतकीय पारी में 283 रन बनाये. जवाब में साउथ अफ्रीका की पारी 148 रन पर खत्म हो गई. मैच में कौन-कौन से रिकॉर्ड बने? भारत ने साउथ अफ्रीका के खिलाफ न सिर्फ टी20 सीरीज 3-1 से जीती, बल्कि कई रिकॉर्ड भी बनाए. कहा जाता है कि संजू सैमसन और तिलक वर्मा ने एक साथ कई रिकॉर्ड बनाए. भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए अपनी शतकीय पारी में 283 रन बनाये. जवाब में साउथ अफ्रीका की पारी 148 रन पर खत्म हो गई. मैच में कौन-कौन से रिकॉर्ड बने?

एक साल में अधिकतम शतक

संजू ने इस साल टी20 में तीन शतक लगाए. टी20 इंटरनेशनल में एक साल में इतने शतक लगाने का रिकॉर्ड किसी अन्य बल्लेबाज के नाम नहीं है. इससे पहले रोहित शर्मा, कॉलिन मुनरो, रिले रूसो, फिल साल्ट और सूर्यकुमार यादव ने एक ही साल में दो-दो शतक लगाए थे. संजू ने वो रिकॉर्ड तोड़ दिया.

एक पारी में दोहरा शतक

अंतरराष्ट्रीय टी20 में ऐसा पहली बार हुआ है कि एक ही टीम के दो बल्लेबाजों ने एक ही पारी में शतक लगाए. इससे पहले ऐसा आईपीएल में देखने को मिला था. लेकिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में आईसीसी के पूर्ण सदस्य देशों के बीच मैच में यह उपलब्धि कभी हासिल नहीं की गई है। तिलक और संजुर ने शुक्रवार को शतक बनाकर भारत के लिए रिकॉर्ड बनाया। एक ही सीरीज में दो शतक

संजू टी20 में एक ही सीरीज में दो शतक लगाने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज बने. उस लिस्ट में दूसरा नाम है तिलक का. उन्होंने पिछले मैच में शतक लगाया था. तिलक ने एक ही सीरीज में लगातार दो शतक लगाकर मिसाल कायम की। संजू ने दक्षिण अफ्रीका में सीरीज के पहले मैच में शतक लगाया था.

दूसरे विकेट के लिए सबसे ज्यादा रन

संजू और तिलक ने टी20 क्रिकेट में दूसरे विकेट के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड बनाया. उन्होंने शुक्रवार को 210 रन बनाये. इससे पहले 2014 में नामीबिया के लिए साइब्रांड एंगेलब्रेक्ट और माइकल लेविट ने 193 रन की साझेदारी की थी. यह टी20 इंटरनेशनल में दूसरे विकेट की साझेदारी का रिकॉर्ड था. जिसे संजूरा ने तोड़ दिया.

एक पारी में सर्वाधिक छक्के

भारत ने टी20 क्रिकेट में इससे पहले कभी एक पारी में इतने छक्के नहीं लगाए हैं. उनके नाम 22 छक्के लगाने की मिसाल है. भारत के तीन बल्लेबाजों ने शुक्रवार को कुल 23 छक्के लगाए. तिलक ने 10 छक्के लगाए. संजू ने नौ और अभिषेक शर्मा ने चार छक्के लगाए.

एक सीरीज में सबसे ज्यादा छक्के

भारत के लिए एक टी20 सीरीज में सबसे ज्यादा छक्के लगाने का रिकॉर्ड विराट कोहली के नाम है. उन्होंने 2019 में वेस्टइंडीज के खिलाफ एक सीरीज में 13 छक्के लगाए थे. दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ इस सीरीज में तिलक ने 20 और संजू ने 19 छक्के लगाए।

भारत में सबसे तेज़ 200

भारत ने इससे पहले टी20 क्रिकेट में कई बार 200 रन का आंकड़ा पार किया है. लेकिन कहा इतना कम कभी नहीं कर सकता. संजुरा ने शुक्रवार को 14.1 ओवर में 200 रन का आंकड़ा पार कर लिया. उस वक्त ऐसा लग रहा था कि भारत 300 रन बना सकता है. हालांकि भारत की पारी आखिरकार 283 रन पर रुकी.
सेंचुरियन में भारत-दक्षिण अफ्रीका मैच में कीड़ों ने डाला खलल. कीड़ों का एक बड़ा समूह अचानक खेत में क्यों घुस आया? निःसंदेह प्रकाश के कारण। मैदान पर फ्लडलाइट ने कीड़ों को आकर्षित किया। तभी वे अचानक मैदान में उतर आये.

बुधवार को खेत में जो कुछ हुआ वह कीट जगत में बहुत सामान्य घटना है। इस दौरान उड़ने वाली चींटियों के झुंड घोंसले के लिए नई जगह तलाशते हैं। तभी उस कीड़ों के समूह के राजा, रानी और अन्य लोग उधर से गुजर रहे थे। जिससे खेल कुछ देर के लिए बाधित हो जाता है. उड़ने वाली चींटियाँ नई जगह खोजने के लिए अपने पंख फैलाती हैं। जब उन्हें जगह मिल जाती है तो वे वहां घोंसला बना लेते हैं। पंखा गिर जाता है. यह उन कीड़ों का संभोग काल है।

हार्दिक पंड्या, अभिषेक शर्मा, सूर्यकुमार यादवेरा को कीड़ों से हुई परेशानी. हालाँकि, ये उड़ने वाली चींटियाँ आमतौर पर इंसानों पर हमला नहीं करती हैं। बल्कि ये चींटियाँ कई जगहों पर लोगों का भोजन हैं। क्योंकि इस प्रकार के कीड़ों के शरीर में बहुत अधिक मात्रा में प्रोटीन होता है। बुधवार को सेंचुरियन में भारत बनाम दक्षिण अफ्रीका तीसरा ट्वेंटी-20 मैच 18 मिनट के लिए रोकना पड़ा। मैदान पर ‘उड़ने वाली चींटी’ कीड़ों की उपस्थिति के कारण मैच खेलना संभव नहीं था। क्रिकेटरों की नाक और मुंह में घुस रहा था कीड़ा! लेकिन ये पहली बार नहीं है. अतीत में विभिन्न कारणों से क्रिकेट मैचों को अस्थायी या पूर्ण रूप से निलंबित करने के मामले सामने आए हैं।

क्या टूट रही है अभिषेक-ऐश्वर्या की शादी? इस डायरेक्टर के पास है करोड़ों रुपये के सवाल का जवाब!

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उन्होंने युवा बच्चन और बच्चन दुल्हन को एक पल के लिए भी अलग नहीं देखा। तो वह जो मानता है वह होगा ही नहीं। सुबह मैंने शहर में कानाफूसी की, यह टूट गया है। दोपहर से दोपहर हो गई, एक और बात, आज बच गई। कल क्या होगा? इस तरह अगली सुबह से लेकर रात तक मनोरंजन जगत में अभिषेक बच्चन-ऐश्वर्या राय बच्चन की शादी की खबरें छाई रहीं। ‘दसवीं पास’ में निम्रत कौर के साथ स्क्रीन शेयर करने के कारण छोटा बी परकीर कथगरा। सारी सहानुभूति बच्चन दुल्हन को घेर लेती है। इसी बीच निर्देशक-अभिनेता निखिल द्विवेदी का बड़ा ऐलान, ‘अवि-ऐश अलग नहीं हो सकते!’

निखिल ने स्टार जोड़ी के लिए इतना कुछ क्यों कहा?

उनकी बातों के बाद पत्रकारों ने ये सवाल उठाया. उनका जवाब देते हुए डायरेक्टर-एक्टर ने अपना पुराना अनुभव सामने रखा. स्मृति हातड़े ने शादी के बाद भी साथ समय बिताने वाले स्टार कपल्स का उदाहरण दिया है. निखिल का दावा है कि काम के सिलसिले में उसने दो लोगों को करीब से देखा। उनका अनुभव कहता है कि वे अपनी बाकी जिंदगी एक-दूसरे के साथ बिताएंगे। निर्देशक ने यह भी कहा कि जब अभि-ऐश ने एक साथ एक फिल्म में काम किया, तो वे हर समय साथ रहे। काम के दौरान वह बकझक और हत्या पर उतारू हो जाता था। उन्होंने कभी भी एक-दूसरे से मुंह नहीं मोड़ा। और उस पल के गवाह बनें जो उन्होंने साथ बिताया, दोनों एक-दूसरे को दिखावे से नहीं बल्कि दिल से प्यार करते हैं।

यहां से निखिल का दावा है कि विरोधी जो चाहते हैं, वह उन्हें मंजूर नहीं है. उसके विश्वास के समय वह सच्चा सिद्ध होगा। सुनने में आ रहा है कि अभि-ऐश जल्द ही फिर से जोड़ी बनाने जा रहे हैं। क्या एक सेट में एक साथ काम करने का फॉर्मूला आखिरकार दूरियां मिटा देगा? बॉलीवुड ने फिलहाल सभी संभावनाओं को समय के हवाले छोड़ दिया है।

बालीपारा में कई दिनों से अफवाह है कि लंबे समय से चली आ रही शादी टूटने वाली है। एक तरफ पूर्व मिस वर्ल्ड ऐश्वर्या राय बच्चन, दूसरी तरफ बॉलीवुड के महानायक अमिताभ शाह के बेटे अभिषेक बच्चन। तो चर्चा का बेड़ा थोड़ा और है. हालांकि, दोनों में से किसी ने भी अलग होने के बारे में अपना मुंह नहीं खोला। हालांकि, ब्रेकअप की वजह अभिषेक की ‘दसवीं’ फिल्म की को-स्टार निम्रत कौर को बताया जा रहा है। अब पूरे सोशल मीडिया पर बच्चन परिवार को लेकर कानाफूसी हो रही है। निम्रत को लेकर तरह-तरह के मीम्स नेट वर्ल्ड पर छाए हुए हैं. कुछ दिनों पहले निमरत ने अपनी निजी जिंदगी में मानवाधिकारों के चलन को लेकर अपना मुंह खोला था. सोशल मीडिया पर कई तरह के विचारोत्तेजक पोस्ट किए गए हैं. दैनिक आधार पर उसके साथ अभ्यास करते हुए, वह जहां भी जाता है, फोटो शिकारी उसका पीछा करते हैं। जब इस बात को लेकर अटकलें लगाई जाने लगीं कि उनका अभिषेक के साथ रिश्ता है या नहीं, तो निम्रत ने अलग राय रखी। पिक्चर हंटर को देखते ही उसने अपने होठों को छूते हुए कहा, “चुप रहो।”

शुक्रवार को गुरुनानक जयंती के मौके पर निम्रत को संतकराज इलाके के एक गुरुद्वारे में देखा गया। बिलकुल एक घरेलू लड़की की तरह. पिस्ता रंग का चूड़ीदार पहना हुआ है. घूंघट से सिर ढका हुआ. निमरत ने सिर पर घूंघट डालकर गुरुद्वारे में प्रवेश किया। कभी भक्तों के बीच कारा प्रसाद बांटना तो कभी सभी को भोजन परोसना. तस्वीर देखते ही शिकारी मुस्कुरा देते हैं, चिढ़ का नामोनिशान नहीं! बस उंगली से चुप रहने को कहा. एक्ट्रेस ने गुरुद्वारे में चिल्लाने से मना किया था. हालांकि फोटोग्राफरों को चाय पिलाई गई और प्रसाद बांटा गया. एक्ट्रेस के इस प्रयोग ने नेटिजन्स का ध्यान खींचा है.

कुछ रिश्ते टूट भी जाएं तो भी उनसे प्रथा ख़त्म नहीं होती. ठीक वैसे ही जैसे सलमान खान और ऐश्वर्या राय के साथ हुआ था. 1999 में फिल्म ‘हम दिल दे चुके सनम’ सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। संजय लीला भंसाली द्वारा निर्देशित इस फिल्म के सेट पर सलमान और ऐश्वर्या की दोस्ती शुरू हुई। उस दोस्ती से धीरे-धीरे प्यार होने लगा। लेकिन सलमान और ऐश्वर्या का रिश्ता ज्यादा समय तक नहीं चल सका। एक्ट्रेस ने दावा किया कि सलमान उन पर अपना हक समझते थे. यहां तक ​​कि सलमान ने ऐश्वर्या पर हाथ भी उठाया तो फुसफुसाहट भी सुनी जा सकती है. सलमान से ब्रेकअप के बाद एक्ट्रेस विवेक ओबेरॉय के साथ रोमांस करने लगीं। उस रिश्ते में भी दरार आ जाती है. इसके बाद अभिषेक बच्चन के साथ उनका प्रेम प्रसंग शुरू हुआ। 2007 में एक्ट्रेस अभिषेक के साथ शादी के बंधन में बंध गईं। कई लोगों का मानना ​​था कि सलमान के मन में अपनी पूर्व प्रेमिका के प्रति द्वेष है। लेकिन भाईजान ने अभिषेक के बारे में क्या कहा?

सलमान बॉलीवुड में संगीता बिजलानी, ऐश्वर्या और कैटरीना कैफ के साथ रिलेशनशिप में थे। लेकिन भाइयों के बीच कोई भी रिश्ता स्थाई नहीं था. लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा ऐश्वर्या को लेकर है. शादी के बाद एक्ट्रेस ने कभी सलमान का नाम नहीं लिया। हालांकि, कुछ साल पहले एक टेलीविजन चैनल के शो में जब सलमान से ऐश्वर्या के बारे में पूछा गया था तो उन्होंने साफ कहा था कि वह अपनी निजी जिंदगी को निजी रखना चाहते हैं। हालांकि, ऐश्वर्या के पति अभिषेक ने बच्चन की तारीफ करते हुए कहा, ‘मैं हमेशा उस आदमी को खुश देखना चाहता था। उसकी शादी बहुत अच्छे परिवार में हुई है. अभिषेक बहुत अच्छा लड़का है. एक पूर्व-प्रेमी के रूप में, मैं और क्या माँग सकता हूँ! जब दोस्ती टूटती है तो ऐसा नहीं होता कि सामने वाला बुरा चाहे।

ओइक्यश्री में “हैंड-ऑन” चोरी, लक्ष्मी भंडार में विफलता से “सीख” के साथ टैब पर सफल पबजी खिलाड़ी

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टैब मामले में पुलिस ने राज्य भर से 11 लोगों को गिरफ्तार किया है. हालांकि, शुक्रवार रात तक नादिया और मुर्शिदाबाद से किसी की गिरफ्तारी की सूचना नहीं है। इस्लामपुर और फरक्का में पांच प्राथमिकी दर्ज की गयी है. टैब घोटाले के पीछे ‘युवा साइबर विशेषज्ञों’ का एक समूह है! इनकी करतूत PUBG जैसे ऑनलाइन गेम में है. हाथ धोने के बाद ये वही हैं जो राज्य सरकार की विभिन्न परियोजनाओं के पैसों के लिए ऑनलाइन ठगी करना चाहते हैं. बहुत कम सफलता मिली है. इस बार “साइबर विशेषज्ञ” टैब कांड “खलनायक”! जांच और कई लोगों की गिरफ्तारी के बाद कुछ जांचकर्ताओं का शुरुआती विचार यही है.

नेट की दुनिया का सफर पबजी गेम से शुरू हुआ। कभी पिता से उधार लिए पैसों से तो कभी स्कूल से मिली स्कॉलरशिप के पैसों से खरीदे गए पहले ‘टचस्क्रीन मोबाइल’ से खेल शुरू हुआ। इसके बाद स्कूल पास कर कॉलेज पहुंचे कुछ युवा पैसों की लत के चलते कभी ऑनलाइन जुआ तो कभी मोबाइल गेम खेलते थे। कदम दर कदम वे साइबर अपराध की दुनिया में शामिल होते जा रहे हैं. दरअसल, ‘यूथ ड्रीम’ योजना का पैसा हड़पने के आरोपियों में ज्यादातर युवक और युवतियां हैं। उनमें से कुछ ने अपने घरों में ही एक छोटे से ‘डेस्कटॉप’ से ‘ऑनलाइन सर्विस सेंटर’ बना लिया। काम में विभिन्न सरकारी योजनाओं के लिए आवेदन पत्र भरना, कुछ पोर्टल पर आवेदन पत्र जमा करना, ट्रेन और फ्लाइट टिकट बुक करना और सस्ते मोबाइल सिम कार्ड बेचना शामिल है। ये सब करते हुए उनके हाथ कई लोगों की निजी जानकारी लग गई. इसके बाद उस ‘ऑनलाइन सर्विस सेंटर’ के मालिकों ने बैंक अकाउंट और आधार कार्ड की जानकारी का इस्तेमाल कर साइबर क्राइम की दुनिया में कदम रखा. जांचकर्ताओं का एक समूह करीब दो हजार छात्रों के टैब मनी की चोरी के पीछे इन ‘युवा साइबर विशेषज्ञों’ का हाथ देख रहा है. इतना ही नहीं, जांच से पता चला कि आरोपी छात्रों के टैब मनी ट्रांसफर करने से पहले राज्य सरकार की विभिन्न परियोजनाओं से पैसे का गबन करने में भी शामिल थे।

टैब मामले में पुलिस ने अब तक राज्य भर से 11 लोगों को गिरफ्तार किया है. जबकि शुक्रवार रात तक नादिया और मुर्शिदाबाद से किसी की गिरफ्तारी की सूचना नहीं थी, इस्लामपुर और फरक्का में कुल पांच प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। आरोपियों के तौर पर 17 लोगों के नाम हैं. पुलिस के मुताबिक ये सभी फरार हैं. वे टैब घोटाले में कैसे शामिल हुए? मालूम हो कि कुछ ‘पबजी गेमर्स’ ने 25 से 30 हजार में आईडी बेचीं और ग्रामीण इलाकों में ‘साइबर कैफे’ या ‘ऑनलाइन सर्विस सेंटर’ खोले। चूंकि संबंधित क्षेत्रों में बहुत से लोग विभिन्न कार्य ऑनलाइन करते हैं, इसलिए उनका आधार और बैंक विवरण उनकी पहुंच में आ जाते हैं। उन कैफे मालिकों ने जालसाज़ों को सभी निजी दस्तावेज़ उपलब्ध कराकर मोटी कमाई की। इस तरह वे विदेशी जालसाजों के संपर्क में हैं. बैंक खाते से पैसे निकालने आने वाले ग्राहकों के बायोमेट्रिक्स की क्लोनिंग कर पैसे निकालने में लग जाते हैं. यहीं से इन ‘साइबर एक्सपर्ट्स’ ने ‘बड़ा ऑपरेशन’ शुरू किया. कृष्णानगर पुलिस जिले के साइबर पुलिस स्टेशन के एक पूर्व अधिकारी के अनुसार, 2023 में नादिया के दो कॉलेजों पर ‘ऐक्याश्री’ परियोजना से कई लाख रुपये के गबन का आरोप लगाया गया था। जांच से पता चला कि मास्टरमाइंड कॉलेज के आसपास खुले कई साइबर कैफे के मालिकों से जुड़े हुए हैं। आरोपियों की उम्र 20 से 24 साल के बीच है. कुछ लोगों से पूछताछ के बाद उस मामले में मुर्शिदाबाद से तीन युवकों को गिरफ्तार किया गया. बाद में उन्हें जमानत भी मिल गयी. ओइक्याश्री कांड में राजस्थान गैंग का कनेक्शन सामने आया था. यह ज्ञात है कि “सफल हैकर्स” की पहचान “इक्याश्री” धन धारकों द्वारा की गई थी। उन्हें ‘संभावनाएं’ देखने और प्रमुख साइबर धोखाधड़ी के लिए तैयार करने के लिए प्रशिक्षित किया गया है। लेकिन वो प्रशिक्षित हैकर्स पहले ऑपरेशन में असफल हो गए. इसके बाद आरोपी ने महिलाओं के प्रोजेक्ट ‘लक्ष्मी भंडार’ के पैसे चुराने की योजना बनाई. लेकिन ‘साइबर सिक्योरिटी’ को तोड़ने में नाकाम रहे. ‘लक्ष्मी भंडार’ के बाद ‘तरुणेर सपना’ प्रोजेक्ट में उन हैकर्स को ‘बड़ा असाइनमेंट’ टैब मनी था।

पुलिस के एक अन्य सूत्र के मुताबिक, वे साइबर अपराधी राज्य सरकार से बड़ी रकम चुराने की योजना बना रहे थे. उत्तरी दिनाजपुर से मुर्शिदाबाद के साथ-साथ ताब-कांडे तक विदेशी लिंक पाए गए हैं। पुलिस ने शुक्रवार रात तक राज्य भर में कुल 11 लोगों को गिरफ्तार किया है. बाकी आरोपियों की तलाश जारी है. मालूम हो कि आरोपी कंप्यूटर को एक उपकरण के रूप में इस्तेमाल कर राज्य सरकार की विभिन्न परियोजनाओं के लिए पैसे चुराने की फिराक में थे. अपराधियों की नजर में सिर्फ ‘युवा का सपना’ ही नहीं, बल्कि ‘कन्याश्री’ भी थी. हालांकि, प्रोजेक्ट के सरकारी पोर्टल पर जानकारी बदलने के दौरान साइबर हैकर्स को दिक्कत का सामना करना पड़ा. हालाँकि, असफल होने पर भी उन्होंने हार नहीं मानी। वे ‘युवाओं के सपने’ को लक्ष्य बनाते हैं। इस मामले में बिहार का पूर्णिया या झारखंड का जामताड़ा जोड़ा जाता है. पड़ोस के कुछ साइबर कैफे मालिकों से विभिन्न स्कूलों के लॉगिन आईडी और पासवर्ड प्राप्त करके साइबर धोखाधड़ी का काम आसान कर दिया गया था। कुछ कैफे मालिकों को हथकड़ी पहनाई गई है। कुछ मामलों में उनके साथ कई स्कूलों के कंप्यूटर शिक्षक भी थे। बड़ी संख्या में सिम कार्ड, फर्जी बैंक खाता नंबर, विभिन्न राज्यों के सरकारी बैंकों के खाता नंबर, विदेशी आईपी पते आदि इकट्ठा करके ऑपरेशन को अंजाम दिया जाता है। कुछ मामलों में खाता संख्या को समान रखते हुए आईएफएससी कोड बदल दिया जाता है। इस तरह साइबर बदमाशों ने राज्य भर में करीब ढाई करोड़ रुपये

राजस्थान थप्पड़कांड- महिलाएं बोलीं, पुलिस ने हमें लाठियों से पीटा:एसडीएम को थप्पड़ मारने वाले नरेश जिस घर में घुसे, वहां सबसे ज्यादा तोड़फोड़

पुलिस ने महिलाओं को पीटा। छोटी-छोटी बच्चियों को भी नहीं बख्शा। गेट बंद किया तो तोड़ दिया। ये निशान देखिए, पुलिस ने बेरहमी से मुझपर डंडे बरसाए। हमारा क्या कसूर था कि इतनी बुरी तरह पीटा। पुलिस पर ये आरोप लगाए हैं समरावता गांव की महिलाओं ने। थप्पड़कांड की आग में राजस्थान के देवली-उनियारा (टोंक) का समरावता गांव झुलस गया है। लपटें भले ही बुझ गईं, लेकिन कालिख लगभग हर घर पर है। सबसे बुरी हालत में है कई कच्चे-पक्के घरों के बीच बना एक तीन मंजिला मकान। गेट से लेकर पार्किंग में खड़ी कार और चौक, बरामदे किचन और कमरे, हर तरफ तोड़फोड़ के निशान। फर्श से लेकर दीवारों तक जगह-जगह खून के निशान। पुलिस से बचने के लिए घर में घुसे थे भास्कर की पड़ताल में सामने आया कि नरेश मीणा और उनके कई समर्थक पुलिस की गिरफ्तारी से बचने के लिए भीड़ के बीच में से बचते-बचाते इसी घर में घुसे थे। उनका पीछा कर रही पुलिस का यहीं पर उनके समर्थकों से आमना-सामना हुआ था। हालांकि नरेश मीणा पुलिस के ऊपर फर्स्ट फ्लोर पर पहुंचने से पहले ही छत से पास के ही कच्चे मकान के चद्दरों पर कूदकर पीछे के गेट से निकलकर खेतों में भाग गए थे। पड़ताल में सामने आया है कि देर रात समर्थकों के पथराव के दौरान नरेश मीणा पुलिस हिरासत से छूट गए थे। छूटने के बाद नरेश मीणा वापस समर्थकों के बीच पहुंच गए और पुलिस को ललकार रहे थे। इसी दौरान भारी तादाद में मौजूद पुलिस फोर्स ने दोनों साइड से घेर कर वहां लाठीचार्ज कर दिया। इसके बाद पुलिस व नरेश मीणा समर्थक आमने-सामने हो गए। इसी दौरान नरेश मीणा को कुछ समर्थक गिरफ्तारी और पुलिस लाठीचार्ज से बचाने के लिए थोड़ी दूर आगे मौजूद एक पक्के घर में ऊपर की तरफ ले गए। इस घर के बाहर मीणा समर्थकों की भारी भीड़ भी जमा हो गई थी। भीड़ मीणा को कवर दे रही थी।पुलिस फोर्स उग्र प्रदर्शनकारियों को काबू करने और मीणा को गिरफ्तार करने के लिए बल प्रयोग करते हुए इसी घर में घुस गई। यहां भी नरेश मीणा के समर्थकों और पुलिस में जमकर संघर्ष हुआ। पुलिस नरेश मीणा को पकड़ पाती उससे पहले ही वो पास वाले मकान की तरफ कूदकर पीछे के गेट से खेतों की तरफ भाग गए। मां-बेटी बोलीं- बच्चियों पर भी लाठियां बरसाईं भास्कर रिपोर्टर ने उस घर में रहने वाली मां-बेटी से बात की। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने बेरहमी से पीटा। छोटी-छोटी बच्चियों और बच्चों पर भी लाठी बरसाई। गेट बंद किया तो तोड़ दिया। गांव के कई लोगों को पुलिस उठा ले गई। इस बवाल में कई लोग चोटिल और घायल हुए हैं। जिनका अभी तक कोई अता-पता नहीं है। इसी घर में मौजूद दूसरी बेटी रूमाली से भी भास्कर ने बात की। उसने बताया कि पुलिस ने उसे भी बेरहमी से पीटा। पास में ही बैठी उसकी मां बोली- हमारा क्या कसूर था ? हमने तो दिन भर पुलिसवालों की सेवा की थी। नरेश की भी गलती नहीं थी। वो तो ये सब हमारे लिए ही तो कर रहा था। मां-बेटी ने बताया- उस दिन सब कुछ सही से चल रहा था। पूरे गांव ने अपनी मांग को लेकर चुनाव बहिष्कार का निर्णय लिया था। उन्होंने आरोप लगाया कि एसडीएम ने एक महिला सहित 3 लोगों पर प्रेशर बना वोट डलवा दिए थे। इसी के चलते नरेश मीणा ने गांव के समर्थन में उस एसडीएम के थप्पड़ जड़ दिया था। पुलिस पर लगाए कई आरोप दोपहर बाद सब ने अपने वोट भी डाल दिए थे। शाम में धरना चल रहा था और नरेश मीणा वहां लोगों के साथ बैठ कर खाना खाने की तैयारी में थे। तभी किसी ने उन्हें बताया कि पुलिस ने खाने के पैकेट लेकर आ रही गाड़ी को रोक लिया है। इस पर नरेश धरने में से अकेले ही पैदल वहां पुलिस से बात करने के लिए चले गए थे। तभी वहां पर पुलिस वालों ने नरेश का हाथ पकड़कर उन्हें जीप में बैठा लिया। इस बात का पता धरने में मौजूद भीड़ उग्र हो गई। लोगों ने पुलिस जीप को घेर लिया। भीड़ का गुस्सा देख पुलिस भी पीछे हट गई। मीणा पुलिस जीप से बाहर आ गए और सीधे धरने में पहुंच गए थे। इसके थोड़ी देर बाद ही बड़ी तादाद में आई पुलिस ने धरने को दोनों साइड के रास्तों से घेर लिया। नरेश मीणा कुछ बोल रहे थे कि तभी पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। यहां अफरा-तफरी मच गई थी। हर कोई इधर-उधर भाग रहा था। कुछ लोग नरेश को बचाने के लिए पड़ोस वाले घर में लेकर पहुंचे और यहां अंदर से गेट बंद कर लिए। इधर इसके बाद उग्र हुई भीड़ ने कई पुलिस वाहनों में आग लगा दी और पत्थरबाजी स्टार्ट कर दी। धीरे-धीरे यहां गांव में भारी पुलिस फोर्स पहुंच गई थी। पुलिस एक-एक घर में घुसकर लोगों को पकड़ रही थी और पीट रही थी। घरों में पड़े मवेशियों के चारे में आग लगा दी। धरने में आए हुए लोगों के निजी वाहनों और बाइकों में तोड़फोड़ कर उन्हें भी आग के हवाले कर दिया। अचानक हमारे पड़ोस में बने इस दो मंजिला मकान में चीख-पुकार मच गई थी। अब इस घर में कोई भी नहीं है, सभी को पुलिस पकड़कर ले गई है। एसपी बोले- पुलिस पर लगाए आरोप बेबुनियाद एसपी ने बताया- ग्रामीणों और महिलाओं के साथ मारपीट और जबरदस्ती के कोई फैक्ट नहीं है। हमने ही तो वहां लाइट्स लगवाई हैं। ये सब तो ग्रामीणों के ही कंट्रोल में था। गेट तोड़कर घर में घुसने वाली बात सही नहीं है। पुलिस वहां लोगों को मारने या गाड़ियां जलाने नहीं गई थी। हमारी गाड़ियां जलाई गई हैं और पत्थरबाजी भी हम पर हुई है। हमारी गाड़ियों में पथराव हुआ था। सबसे आगे एडीएम साहब की गाड़ी चल रही थी। सबसे पहले उसी में आग लगाई गई थी। इसी समय नरेश हमारी हिरासत से भाग गया था। वहां बाहरी लोग जमा थे। बाहरी लोगों की ही गाड़ियां जली हुई हैं। जो गिरफ्तार हुए वो भी 80 से 90 प्रतिशत लोग बाहर के हैं। ये वहां क्या कर रहे थे? -विकास सांगवान, एसपी, टोंक ….. SDM थप्पड़कांड से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए…. 1. बुजुर्ग के वोट डालने के बाद भड़के लोग:देवली-उनियारा के समरावता गांव में SDM थप्पड़ कांड के बाद आगजनी-पथराव की पूरी कहानी देवली-उनियारा में 13 नवंबर को एसडीएम थप्पड़ कांड और फिर देर रात हुई आगजनी-पथराव के बाद समरावता गांव खाली हो गया है। गांव के लोग पुलिस से बचने के लिए खेतों और ढाणियों में छुपे हैं। भास्कर टीम हालात जानने के लिए मौके पर पहुंची तो लोगों के आक्रोश का सामना करना पड़ा। पूरी खबर पढ़िए… 2. राजस्थान थप्पड़कांड; नरेश मीणा टोंक जेल में शिफ्ट:किरोड़ी ने कहा- टारगेटेड था मामला; वकील बोले- SDM ने थाने में निर्दलीय प्रत्याशी को पीटा राजस्थान के देवली-उनियारा (टोंक) में एसडीएम के थप्पड़कांड विवाद के बाद समरावता गांव में तीसरे दिन शुक्रवार को भी तनाव रहा। घटना के बाद जिला कलेक्टर डॉ सौम्या झा का पहला बयान सामने आया। इधर, नरेश मीणा को कोर्ट ने 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में भेजने का आदेश दिया। पूरी खबर पढ़िए….

देश में सड़क हादसों में रोज 26 बच्चे मर रहे:इनमें से 7 की जान ड्राइविंग करते गई; 2023 में हेलमेट न पहनने से 54,568 मौतें हुईं

बिना लाइसेंस 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को वाहन चलाने के लिए थमाने वाले माता-पिता के लिए यह महज खबर नहीं, बल्कि एक अलर्ट है। 2023 के दौरान हुए सड़क हादसों में 18 वर्ष से कम आयु के 9,489 बच्चों की मौत हुई यानी देश ने हर दिन 26 बच्चों को खो दिया। ये साल भर के हादसों में जान गंवाने वाले कुल लोगों का 5.49% है। दुखद पहलू यह है कि इनमें से 2,537 बच्चों की मौत ड्राइविंग (बिना लाइसेंस) करते हुए हुई यानी हर दिन करीब 7 ‘नाबालिग चालकों’ ने जान गंवाई। हादसों में 4,242 बच्चों की मौत बतौर सवारी हुई, जबकि 2,232 बच्चों को पैदल चलते हुए सड़कों पर रौंद दिया गया। सड़क परिवहन मंत्रालय की रोड एक्सीडेंट्स इन इंडिया-2023 रिपोर्ट के लिए जुटाए गए आंकड़ों में यह तस्वीर सामने आई। रिपोर्ट जल्द ही जारी होने वाली है। भास्कर ने अलग-अलग राज्यों से ये आंकड़े संकलित किए। इन आंकड़ों के मुताबिक, 2023 में हेलमेट न पहनने के कारण 54,568 मौतें हुईं 2023 में बच्चों की मौतों की संख्या 2022 से कम सड़क हादसों में बच्चों की मौतों की संख्या 2022 की तुलना में 39 कम है। 2022 के दौरान सड़क हादसों में 9,528 बच्चों की जान चली गई थी। देश में अब भी हर घंटे औसतन 55 सड़क हादसे हो रहे हैं। इनमें 20 लोगों की जान जा रही है। 2022 की तुलना में 2023 में सड़क हादसे 4.2% और मौतें 2.6% बढ़ी हैं। देश में सबसे अधिक 13.7% मौतें यूपी में हुईं और लगातार छठे वर्ष सड़क हादसों की संख्या में तमिलनाडु नंबर-1 रहा। वर्ष 2023 के दौरान सड़क हादसों में उम्र के हिसाब से देखें तो सबसे अधिक 66.4% मौतें 18-45 के आयु वर्ग में हुईं। कुल मौतों में 35 वर्ष से कम आयु वाले लोग 50.5% थे। सड़क हादसों में मारे गए लोगों में 31.5% शहरी और 68.5% ग्रामीण थे। 85.8% पुरुष और 14.2% महिलाएं थीं। सड़क के गड्‌ढों से होने वाली मौतें सालभर में 16% तक बढ़ीं ———————- सड़क हादसे से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… बिजनौर में दूल्हा-दुल्हन समेत 7 की मौत, कार ने टेंपो को टक्कर मारी, खाई में जा गिरा उत्तर प्रदेश के बिजनौर में बेकाबू कार ने टेंपो में टक्कर मार दी। टेंपो सड़क किनारे खाई में जा गिरा। हादसे में दूल्हा-दुल्हन समेत 7 लोगों की मौत हो गई। 2 घायल हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दूल्हा-दूल्हन और परिजन झारखंड से ट्रेन से 1:30 रात मुरादाबाद स्टेशन पर उतरे ,वहां से टेंपो में सवार होकर धामपुर आ रहे थे। पूरी खबर पढ़ें…